जालंधर,(विशाल) सूर्या एंक्लेव के साथ लगते झांसी नगर में पतंग उतारते समय बिजली की तारों की चपेट में आने से झुलसे बच्चे अंकुश की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। अंकुश पिछले करीब दस दिनों से जिंदगी और मौत के बीच में झूल रहा था। लुधियाना के डीएमसी में इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। उसकी मौत के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर फैल गई। लोगों का कहना था कि चाइनीज डोर की वजह से उसकी जान गई है।लोगों का आरोप था कि पुलिस यदि समय रहते ही चाइना डोर बेचने वालों पर कार्रवाई करती तो आज शायद अंकुश की जान बच सकती थी। वहीं पुलिस ने दावा किया था कि अंकुश बिजली की तारों में फंसी पतंग को लोहे की पाइप से छुड़ाते समय करंट लगने से झुलसा था। बीते दिनों झांसी नगर में रहने वाला बच्चा अंकुश घर की छत पर पतंग उड़ा रहा था। तभी उसने बिजली की तार में लिपटी चाइना डोर का एक छोर छू लिया। बिजली का जोरदार झटका लगने से वह बुरी तरह झुलस गया। उसके पास पतंग उड़ा रहे दो और बच्चे भी घायल हुए थे। घटना के बाद एरिया की पार्षद शैली खन्ना भी मौके पर बच्चे के परिवार के पास पहुंची और उसे सिविल अस्पताल में दाखिल करवाया था।