जालंधर, (रोजाना आजतक)-मॉडल हाउस में शिव राम कला मंच श्री राम लीला कमेटी द्वारा दशहरा ग्राउंड मॉडल हाउस में सातवें दिन लक्ष्मण मूर्च्छा का दृश्य प्रस्तुत किया गया। श्री सुरिंदर चौधरी विधायक ने ज्योति प्रज्वलित करके व स कुलविंदर सिंह चीमा प्रधान गुरुद्वारा श्री हरगोविंद साहिब बस्ती शेख ने रिबन काट कर नाइट का शुभारंभ किया। राम ( अमनदीप हैरी), सुग्रीव ( शिवम कालिया) द्वारा अंगद ( मनी) को रावण ( जगदीश बिट्टा) के पास दूत बना के भेजा जाता है तांकि रावण को समजाया जा सके। रावण व अंगद संवाद देखने लायक था।इस के बाद अंगद युद्ध का ऐलान करके वापस राम छावनी में आ जाता है। इस के बाद मेघनाद व लक्ष्मण में भीषण युद्ध होता है मेघनाथ द्वारा शक्ति द्वारा लक्ष्मण को मूर्च्छित कर दिया जाता है।लक्ष्मण ( अशोक जोन्द्रा) के मूर्छित होते ही जब प्रभु श्री राम को पता चलता है तो वो भावुक हो उठते है और बहुत दुखी होते हैं। वैद ( गुरमीत) जी द्वारा हनुमान (निर्दोष कुमार ) को संजीवनी बूटी लाने को कहते है। संजीवनी बूटी लाकर लक्षमण जी की मूर्च्छा खत्म होती है। देर रात तक दशहरा ग्राउंड मॉडल हाउस में जारी लक्षमण मूर्छा को देखने के लिए प्रभुभगत ग्राउंड में जमे रहे। डायरेक्टर रजनीश कुमार की देखरेख में लक्ष्मण मूर्च्छा का दिल को छू लेने वाला दृश्य सभी के ह्रदय को छू गया हर आंख नम थी। तड़कसर 1 बजे मूर्छा खत्म होने पर आरती के साथ नाइट की समाप्ति हुई तब तक प्रभु भगत ग्राउंड में डटे रहे। इस शुभ अवसर पर शहीद ऊधम सिंह यूथ क्लब के सदस्यों का विशेष सन्मान किया गया। यहाँ डायरेक्टर रजनीश कुमार, सहायक डायरेक्टर धीरज सहगल, अशोक जोन्द्रा, प्रधान हरजीवन गोगना, विकास भगत, निर्दोष कुमार, कृष्ण लाल, विशाल भला, सतनाम अरोड़ा, प्रवीण जैन, स्टेज सचिव प्रियव्रत शास्त्री, कुलविंदर सिंह हीरा, अमनदीप हैरी, अमरीक सिंह मीका, प्रदीप बीटी, कार्तिक भगत, शिवम भगत, ममता, यशिका, परवीन जैन उपस्थित थे।