नई दिल्ली, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग (Xi Jinping) का दिल्ली ना आना उनके लिए बहुत भारी पड़ सकता है। जी20 समिट (G20 Summit) के दौरान मिडिल ईस्ट में चीन के प्रभाव को कुचलने का फैसला देखने को मिल सकता है। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन और भारत, सऊदी अरब तथा संयुक्त अरब अमीरात के नेताओं के बारे में अटकलें हैं कि वे G20 सम्मेलन में एक जॉइंट इंफ्रास्ट्रक्चर डील की घोषणा करेंगे। यह डील अमेरिका के उन प्रयासों का हिस्सा होगी, जो चीन के मिडिल ईस्ट में बढ़ते प्रभाव को संतुलित करने के लिए हो रहे हैं। Axios के अनुसार, यह योजना गल्फ और अरब देशों को एक रेल नेटवर्क (Rail Network) से जोड़ने का प्रयास करेगी। रिपोर्ट में कहा गया कि यह क्षेत्र के बंदरगाहों से शिपिंग मार्गों के माध्यम से भारत को भी जोड़ेगा।