जालंधर, छोटी बारादरी स्थित दफ्तर के बाहर यूक्रेन से लौटे कुछ पीड़ित पहुंचे और उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। उनके साथ शिवसेना हिंद के प्रधान इशांत शर्मा भी मौजूद हैं। आगरा के रहने वाले संदीप नागर ने बताया कि उसने आर्यन एकेडमी के पास यूक्रेन का स्टडी वीजा अप्लाई करवाया था। वह एमबीए पास है और उसने एमबीए में ही कोई कोर्स करने के लिए यूक्रेन जाना था। एकेडमी ने उसका वीजा लगवा दिया और साथ में एक लेटर दी जिसके बारे में कहा गया कि वह यूक्रेन एयरपोर्ट पर खोलना जब उसने एयरपोर्ट पर लेटर खोली तो उसके होश उड़ गए। वहां उसने देखा कि उसे एमबीए की डिग्री की बजाए ग्रेजुएशन के कोर्स पर भेजा गया। इतना ही नहीं जब वह वहां कॉलेज गया तो उस ग्रेजुएशन कोर्स को भी खारिज कर दिया गया और कहा कि वह सिर्फ लैंग्वेज कोर्स ही कर सकते हैं। संदीप नागर ने बताया कि वह करीब 6 महीने यूक्रेन रहा जहां पर उसे कोई काम नहीं मिला और वहां पर पाकिस्तानी शख्स ने उससे 1400 डॉलर भी ले लिए। इसके साथ ही इमीग्रेशन क्लियर के नाम पर उससे $300 अलग लिए गए। उसका आरोप है कि एमबीए की फीस लेकर एकेडमी ने उसे लैंगयूएज कोर्स देकर उनके साथ धोखा किया है। इसी तरह जंडियाला मांजकी के रहने वाले केशव ने बताया कि उसे भी ग्रेजुएशन में डिग्री करने के लिए यूक्रेन भेजा गया और वहां उसे भी लैंग्वेज कोर्स थमा दिया गया। केशव का कहना है कि डिग्री करने वाले का वहां पर वीजा 4 साल का एक्सटेंड कर दिया जाता है जबकि लैंग्वेज कोर्स में हर 5 महीने बाद वीजा दोबारा लगवाना पड़ता है। वह भी वहां 5 महीने रह कर जालंधर लौट आया। इन दोनों का आरोप है कि आर्यन एकेडमी ने उनके साथ जालसाजी की है। उनकी मांग है कि एकेडमी के मालिक अनिल शर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया जाए। मौके पर थाना सात की पुलिस पहुंची है, जिन्हें शिकायत दे दी गई है।