नई दिल्ली, प्रॉविडेंट फंड (PF) सैलरीड लोगों के लिए रिटायरमेंट के वक्त मिलने वाला सबसे बड़ा आकर्षण होता है। पीएफ से मिलने वाली रकम पूरी तरह टैक्स फ्री (PF Tax Free) होती है। इस पर मिलने वाला ब्याज भी इनकम में नहीं जोड़ा जाता। जिन लोगों की सैलरी से आमदनी ज्यादा है, उनका पीएफ (PF contribution) में किया गया योगदान और इकट्ठा हुआ ब्याज भी अधिक होता है। सरकार पीएफ फंड में ब्याज दर को एफडी (PF vs FD) से ऊंचा बनाए हुए है। पीएफ पर ब्याज जहां 8 फीसदी की रेंज में है, वहीं एफडी पर ब्याज को 5 फीसदी की रेंज में रखा गया है।