साल 2018 में जब ब्राज़ील के पेंशनर जोआओओ को अपने पेनिस में गांठ का पता चला तो वो इसे दिखाने के लिए डॉक्टर के पास गए.
63 बरस के जोआओ उन दिनों को याद करके बताते हैं, “मैं कई मेडिकल क्लीनिक में गया और डॉक्टरों से मिला ताकि ये पता लगा सकूं कि मुझे समस्या क्या है.”
लेकिन सभी डॉक्टरों ने मुझे यही बताया कि ये चमड़ी बढ़ने का नतीजा है और उन्होंने मुझे दवाएं लिख दीं.
दवाएं खाने के बावजूद जोआओ के लिंग में पड़ी गांठ बढ़ती ही गई. इसका असर उनकी शादीशुदा ज़िंदगी पर भी पड़ने लगा. जोआओ और उनकी पत्नी के बीच यौन संबंधों में भी कमी आ गई.
मगर जोआओ ये पता लगाने पर अड़े हुए थे कि आख़िर उन्हें हुआ क्या है.जोआओ उनका असली नाम नहीं है. वो पांच साल तक स्पेशलिस्ट के चक्कर काटते रहे. डॉक्टरों ने उन्हें और दवाएं लिख दीं और नई बायोप्सी कराने को कहा.
जोआओ बताते हैं, “इसका भी मुझे कोई फ़ायदा नहीं हुआ.”पांच साल बाद 2023 में जाकर उन्हें बताया गया कि उन्हें लिंग का कैंसर है.जोआओ कहते हैं, “मेरे परिवार के लिए ये बेहद तकलीफ़देह झटका था. इसलिए और भी क्योंकि मुझे अपने पेनिस के एक हिस्से को कटवाना पड़ा था. मुझे लगा कि मेरा अंग भंग हो गया है.”