जालंधर, मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली ‘आप’ सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर जालंधर के लतीफपुरा में ‘अतिक्रमण हटाओ अभियान’ में प्रभावित लोगों के प्रति गहरी चिंता व्यक्त की है। मान सरकार ने घोषणा की है कि आर्थिक रूप से कमजोर सभी प्रभावित परिवारों को जालंधर में उच्च श्रेणी के घरों का निर्माण कर पुनर्वास कराया जाएगा।
यहां पार्टी मुख्यालय में जालंधर सेंट्रल से आप विधायक रमन अरोड़ा, जालंधर वेस्ट से ‘आप’ विधायक शीतल अंगुरल, ‘आप’ पंजाब के मुख्य प्रवक्ता मलविंदर सिंह कंग के साथ पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए इंप्रूवमेंट ट्रस्ट, जालंधर के चेयरमैन प्रो. जगतार सिंह संघेड़ा ने कहा कि यह अभियान शीर्ष अदालत के निर्देश पर चलाया गया था और यह पिछली सरकारों की कपटपूर्ण नीतियों का परिणाम है।
‘आप’ नेताओं ने इस संवेदनशील मुद्दे पर राज्य सरकार के खिलाफ अपमानजनक अभियान चलाने के लिए विपक्ष को आड़े हाथों लिया और कहा कि इस अभियान के लिए पिछली सरकारें दोषी है, जो इस मुद्दे का ठोस समाधान खोजने के बजाय वर्षों से लटकाए हुए थी।प्रो.जगतार सिंह संघेड़ा ने कहा कि ये घर सार्वजनिक भूमि पर बने हुए थे। इस मामले में अवमानना का मामला भी ट्रस्ट के खिलाफ चल रहा था, जिसके चलते यह अभियान चलाया गया। ट्रस्ट ने 12 दिसंबर को शीर्ष अदालत के समक्ष एक स्थिति रिपोर्ट भी पेश किया था। लेकिन हम भरोसा देते हैं कि इस अभियान में किसी को भी हम नुकसान नहीं पहुंचने देंगे। हम इस मामले में प्रभावित सभी परिवारों को घर देंगे और उनका सम्मान पूर्वक पुनर्वास करवाएंगे। वही जब मीडिया कर्मी लतीफपूरा निवासियों से बात की तो उन्होंने बताया कि हमें फ्लैट नहीं चाहिए हमें यही जगह चाहिए जहां पर हम काफी लंबे समय से रह रहे हैं यह फैसला हमें सरकार की मंजूर नहीं है