बजट के दिन अक्सर शेयर बाजार लड़कखड़ा जाता है। पिछले 10 साल का ट्रेंड तो यही कह रहा है। प्रणव मुखर्जी से लेकर निर्मला सीतारमण तक, वित्त मंत्री चाहे जो रहा हो, बजट के दिन शेयर बाजार का रिएक्शन कभी ठंडा तो कभी बेहोशी वाला रहा है। बजट के दिन पिछले 10 साल में केवल तीन बार ही सेंसेक्स में बढ़त देखने को मिली है और सात बार बाजार को निराशा हाथ लगी है।